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बकस्वाहा की पहचान बना ग्रीष्मकालीन खेल शिविर

बकस्वाहा की पहचान बना ग्रीष्मकालीन खेल शिविर, कई खिलाड़ी राज्य और राष्ट्रीय पर दिखा चुके प्रतिभानगर में चल रहे ग्रीष्म कालीन खेल प्रतियोगिता में बड़ी संख्या में बच्चे, युवा पहुंच कर खेलों की बारीकियां सीख रहे…

नगर में चल रहे ग्रीष्म कालीन खेल प्रतियोगिता में बड़ी संख्या में बच्चे, युवा पहुंच कर खेलों की बारीकियां सीख रहे हैं। प्रशिक्षक शिविर में पहुंचकर विभिन्न खेलों की बारीकियां सिखा रहे हैं। सुबह 5 बजे से ही नगर के खेल मैदान में खेल शुरू हो जाते हैं। यह ग्रीष्म कालीन खेल शिविर बकस्वाहा नगर की पहचान बन चुका है। यहां से सीखकर व खेलों में निपुण होकर बच्चे राज्य स्तरीय शालेय प्रतियोगिताओं में पहुंच चुके हैं और अपनी बेहतरीन उपस्थिति दर्ज करा चुके हैं।

पिछले वर्ष ग्रीष्मकालीन खेल शिविर में पारंगत होकर नगर की रूचि साहू का टेनिस क्रिकेट प्रतियोगिता में राष्ट्रीय स्तर पर चयन हुआ था। इसी प्रकार मुख्यमंत्री कप कबड्डी में राज्य स्तर के लिए चांदनी रैकवार, किरण राज, सीमा प्रधान ने अच्छा प्रदर्शन किया था। शालेय लगोरी प्रतियोगिता के लिए दुर्गेश नामदेव, भूपेंद्र सेन, रामकुमार लोधी, मौसम राजपूत, ममता लोधी, अंकित सिंह का चयन हुआ था। इसी तरह मलखंभ प्रतियोगिता में नीता लोधी, हिमांशी राज, दीपक बंसल, सनी पटवा, आकाश तिवारी, लोकेश अहिरवार, वर्षा रजक चयनित हुई। टेनिस क्रिकेट में दीपांशु दुबे, हिमांशु नापित, रीना रैकवार, वंदना पाटौदिया, रिंकू यादव का, वॉलीबॉल में नेहा पाटकर, कीर्ति लोधी, फुटबॉल में अनिल प्रताप सिंह एवं अंजलि नामदेव ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में भाग लिया है।ऐसे शिविर से बच्चों का शारीरिक व मानसिक विकास होता है, इसी प्रकार मुख्यमंत्री कप संभाग में रेसलिंग में अभिराम बिल्थरे एवं आशुतोष तिवारी, एथलेटिक्स में नंदिनी पटेल, अर्पणा बिलथरे ने भाग लिया है। खेल युवा कल्याण विभाग द्वारा लगाए गए इस खेल शिविर से ही खिलाड़ी तैयार होते हैं और बच्चे इस प्रकार की प्रतियोगिताओं में भाग लेकर अपने नगर एवं जिले का नाम रोशन करते हैं। ऐसे प्रशिक्षण से बच्चों का शारीरिक एवं मानसिक विकास होता है।

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